Sunday, May 3, 2026
Homeउत्तराखंडआगामी 18 से 30 सितम्बर तक होंगे एएनएम के अभिलेखों का सत्यापन...

आगामी 18 से 30 सितम्बर तक होंगे एएनएम के अभिलेखों का सत्यापन : धन सिंह रावत

स्वास्थ्य विभाग को शीघ्र मिलेंगे 391 एएनएमः डॉ. धन सिंह रावत

चिकित्सा सेवा चयन बोर्ड ने जारी किया अभिलेख सत्यापन कलैण्डर

आगामी 18 से 30 सितम्बर तक होंगे एएनएम के अभिलेखों का सत्यापन : धन सिंह रावत

देहरादून, 02 सितम्बर 2024
चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग को शीघ्र ही 391 एएनएम (महिला स्वास्थ्य कार्यकर्ता) मिलेंगे। उत्तराखंड चिकित्सा सेवा चयन बोर्ड ने सभी औपचारिकताएं पूरी कर अभ्यर्थियों के अभिलेख सत्यापन हेतु कैलेण्डर जारी कर दिया है। चयन बोर्ड आगामी 18 सितम्बर से लेकर 30 सितम्बर तक वर्षवार स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं के अभिलेख सत्यापन करेगा। इसके उपरांत चयनित अभ्यर्थियों का वर्षवार मेरिट के आधार पर चयन परिणाम घोषित किया जायेगा।

सूबे के चिकित्सा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री डा. धन सिंह रावत ने बताया कि प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सुदृढ़ किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि विभाग में लम्बे समय से विभिन्न संवर्गों में रिक्त पड़े पदों को तेजी से भरा जा रहा है। इसी कड़ी में एएनएम के रिक्त 391 पदों पर शीघ्र तैनाती दी जायेगी। इसके लिये उत्तराखंड चिकित्सा सेवा चयन बोर्ड ने सभी औचारिकताएं पूरी कर ली है। डॉ. रावत ने बताया कि चयन बोर्ड ने स्वास्थ्य कार्यकर्ता (महिला) परीक्षा-2024 के लिये तिथिवार अभिलेख सत्यापन कलैण्डर जारी कर दिया है। आगामी 18 सितम्बर 2024 से अभिलेख सत्यापन की प्रक्रिया शुरू की जायेगी जो 30 सितम्बर 2024 तक चलेगी। अभिलेख सत्यापन हेतु अभ्यर्थियों को बैचवार ज्येष्ठता क्रम में बुलाया गया है, जिसके लिये अभ्यर्थियों को अनुक्रमांक भी जारी किये गये हैं। सत्यापन प्रक्रिया के दौरान अभ्यर्थियों द्वारा संलग्न प्रमाण पत्रों की बारीकी से जांच की जायेगी। अभिलेख सत्यापन के समय अभ्यर्थियों को अपने मूल दस्तावेजों के साथ सम्बंधित अभिलेखों की दो-दो स्वप्रमाणित छायाप्रतियां लाना अनिवार्य है। अभिलेख सत्यापन प्रक्रिया के उपरांत चयन बोर्ड द्वारा अर्हता प्राप्त अभ्यर्थियों की वर्षवार मेरिट के आधार पर चयन परिणाम जारी किया जायेगा, जिन्हें प्रदेश के विभिन्न जनपदों के चिकित्सा इकाईयों में तैनाती दी जायेगी। विभागीय मंत्री ने बताया कि राजकीय चिकित्सा इकाईयों में एएनएम की तैनाती होने से स्थानीय स्तर पर आम लोगों को स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया हो सकेगी, साथ ही गर्भवती महिलाओं, जच्चा-बच्चा के टीकाकरण में तेजी आयेगी इसके अलावा सरकार द्वारा संचालित स्वास्थ्य योजनाओं का आम लोगों के बीच प्रचार-प्रसार हो सकेगा।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments